महावीर जन्म कल्याणक के पावन अवसर पर GSS जैन विद्यालय 1991 बैच (याराना 1991) द्वारा GSS जैन विद्यालय के प्रांगण, वेपेरी में अन्नदान कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें लगभग 1000 लोगों ने भोजन ग्रहण कर लाभ प्राप्त किया। यह सेवा कार्य भगवान महावीर के अहिंसा, दया, मानवता और शाकाहार के संदेश को समर्पित रहा। कार्यक्रम के माध्यम से लोगों को शाकाहार अपनाने के लिए प्रेरित किया गया, जिसकी स्थानीय लोगों ने सराहना की। इस आयोजन में समिति सदस्य दीपक सेठिया, रोशन लोढ़ा, पदम नाहर,श्रीपाल कांटेड और राजेश पुनामिया की विशेष भूमिका रही और करीब १५ मित्रों ने भाग लिया।
चेन्नई के बेसिन वाटर वर्क्स स्ट्रीट,साहूकारपेट में पिछले पन्द्रह वर्षों से निरन्तर रुप से धार्मिक पुस्तकों की राख रखाव का पूर्ण लगन से उम्मेदमलजी बागमार,जिन्हें सभी उम्मेद काका के नाम से जानते हैं,कर रहे हैं | श्री जैन रत्न हितैषी श्रावक संघ के पूर्व कार्याध्यक्ष आर नरेन्द्रजी कांकरिया ने बताया कि साहूकारपेट निवासी मरुधर में कोसाणा के छहतर वर्षीय उम्मेदमलजी बागमार काकाजी दैनिक रुप से स्वाध्याय भवन साहूकारपेट में आकर निस्वार्थ भाव से पांच से छह घण्टे तक धार्मिक पुस्तकों को पूंजनी से यतना पूर्वक प्रतिलेखना करते हैं,पुस्तकों में जीवोतप्ति ना हो उसका पूरा विवेक रखते हैं,जीव हिंसा ना हो पूर्ण रुप से ध्यान पूर्वक प्रतिलेखना करते हैं | पुरानी पुस्तके जो जजर्र अवस्था में हो,फटी होउन्हें भी सफाई पूर्वक कटिंग करके जिल्द लगवा कर पुनः पढ़ने व उपयोग में आये वैसी तैयार करने हेतु पूर्ण परिश्रम करते हैं | ...
स्वाध्याय भवन, साहूकारपेट में भगवान महावीर स्वामी का 2625 वां जन्म कल्याणक सामायिक दिवस के रुप में मनाया चेन्नई : साहूकारपेट के बेसिन वाटर वर्क्स में स्थित स्वाध्याय भवन में भगवान महावीर स्वामी का 2625 वां जन्म कल्याणक सामायिक दिवस के रुप में मनाया गया | पुनीत पावन प्रसंग पर उपस्थित स्वाध्यायीगण श्री योगेशजी श्रीश्रीमाल,वीरपिता-वीर पति बाबू धनपतराजजी सुराणा, इंदरचंदजी कर्णावट,आर नरेन्द्रजी कांकरिया, गौतमचन्दजी मुणोत,जे कमलजी चोरडिया,श्री जैन रत्न युवक परिषद् तमिलनाडु के शाखा प्रमुख सन्दीपजी ओस्तवाल, महावीरचन्दजी बागमार,लीलमचन्दजी बागमार,उच्छबराजजी गांग श्री जैन रत्न श्राविका मण्डल तमिलनाडु की अध्यक्षा शशिजी कांकरिया सुबीताजी सोनलजी सुराणा ने दो-दो सामायिक की साधना करते हुए सामूहिक रुप से वीर स्तुति,महावीर चालीसा, हीरा चालीसा का गान किया | वरिष्ठ स्वाध्यायी आर वीरेन्द्रजी कांकरिया ने प्रभु...
*औंध बाणेर बालेवाडी पाषाण पिंपळे निलख जैन सकल संघ (ABBPPJSS) आणि ऋषभदेव फाउंडेशन यांच्या वतीने आयोजित दुसऱ्या मेगा रक्तदान शिबिराचे आयोजन! 851 रक्तदात्यांचा सहभाग!*। भगवान महावीर जन्मकल्याणक, श्रीरामनवमी, आणि जागतिक आरोग्यदिन या त्रिवेणी संगमाचे औचित्य साधून मानवतेच्या सेवेसाठी कटिबद्ध असलेल्या औंध बाणेर बालेवाडी पाषाण पिंपळे निलख जैन सकल संघ (ABBPPJSS) आणि ऋषभदेव फाउंडेशन यांच्या संयुक्त विद्यमाने रविवार दिनांक २९ मार्च २६ रोजी बाणेर येथील माऊली गार्डन येथे दुसऱ्या मेगा रक्तदान शिबिराचे आयोजन करण्यात आले होते. या शिबिराचे उद्घाटन नगरसेवक श्री सनीजी निम्हण यांच्या हस्ते पार पडले. सकाळी ८ ते सायंकाळी ६ वाजेदरम्यान झालेल्या या शिबिरामध्ये सर्व धर्माच्या नागरिकांनी उस्त्फुर्तपणे प्रतिसाद देत, ८५१ रक्तदात्यांनी रक्तदान करून लक्षणीय प्रतिसाद दिला. याबद्दल रक्तदान शिबिराचे मुख्य संयोजक सुनीलजी न...
भगवान महावीर जन्म कल्याणक अहिंसा सप्ताह अंतर्गत आज “आनंद रोटी” परिवारा द्वारे अन्नदान व सावली निवारा केंद्रात वस्रदान! आज अहिंसा सप्ताह अंतर्गत YCM हॉस्पिटल परिसरात आकुर्डी- निगडी- प्राधिकरण श्री संघाच्या विश्वस्तांच्या वतीने अन्नदान करण्यात आले व अन्नदाना नंतर सावली निवारा केंद्रात ( Real Life- Real People) वस्रदान करण्यात आले. सदरहु अन्नदान व वस्रदान कार्यक्रमात श्री संघाचे अध्यक्ष विजयजी गांधी,पुर्वाध्यक्ष जवाहर जी मुथा, कोषाध्यक्ष नेनसुखजी मांडोत, पुर्व महामंत्री राजेंन्द्रजी छाजेड, सदस्य विक्रमजी छाजेड यांचा सहभाग होता. उपक्रमाचा प्रारंभ पिंपरी चिंचवड महासंघाचे संस्थापक अध्यक्ष प्रा.अशोकजी पगारीया, पंचम झोन चे अध्यक्ष नितीन जी बेदमुथा,आ.नि.प्रा. श्री संघाचे पुर्वाध्यक्ष सुभाषजी ललवाणी, अध्यक्ष विजयजी गांधी, पुर्वाध्यक्ष जवाहरजी मुथा, नेनसुखजी मांडोत, राजेंन्द्र जी छाजेड ,महासंघाचे अध्...
राष्ट्र संत श्रमण संघीय उप-प्रवर्तक परम पूज्य श्री पंकज मुनि जी महाराज के पावन सानिध्य में आयोजित धर्मसभा को संबोधित करते हुए भारत गौरव परम पूज्य डॉ. वरुण मुनि जी महाराज साहब ने भगवान महावीर जन्म जयंती के पावन अवसर पर सभी को हार्दिक शुभकामनाएं प्रदान कीं। उन्होंने अपने प्रवचन में कहा कि भगवान महावीर की शिक्षाएं एवं सिद्धांत जितने प्राचीन काल में प्रासंगिक थे, उससे भी अधिक आज के वर्तमान युग में उनकी आवश्यकता अनुभव की जा रही है। आज पूरे विश्व में युद्ध के बादल मंडरा रहे हैं और मानवता एक संभावित वैश्विक संघर्ष की ओर बढ़ती दिखाई दे रही है। ऐसे चिंताजनक वातावरण में केवल अहिंसा ही शांति का मार्ग दिखा सकती है। पूज्य गुरुदेव ने कहा कि युद्ध किसी भी समस्या का समाधान नहीं है। समाधान तो केवल भगवान महावीर द्वारा प्रदत्त पंचमहाव्रत— अहिंसा, सत्य, अचौर्य, ब्रह्मचर्य और अपरिग्रह—के पालन में निहित है। उन्...
श्री विलासजी राठोड बिनविरोध बने पुना जिल्हा स्थानकवासी सकल जैन संघ के अध्यक्ष ! आ.नि. प्रा. श्री संघ द्वारा अभिनंदन! पुनाः BJS वाघोली के प्रबंध समिती के अध्यक्ष, वर्धमान प्रतिष्ठान के अध्यक्ष श्रीमान विलासजी राठोड की पुना जिला स्थानकवासी जैन सकल संघके अध्यक्ष पद पर साठ संघ के पदाधिकारीयों के उपस्थिती मे बिनविरोध चुने गये! सकल संघ के संस्थापक अध्यक्ष विजयकांतजी कोठारी, अध्यक्ष पोपटलालजी ओस्तवाल, वरिष्ठ मार्गदर्शक रमणलालजी लुंकड, महामंत्री अनिलजी नहार, उपाध्यक्ष बाळासाहेब धोका, कोषाध्यक्ष लुंकड जी इनके उपस्थिती मे विलासजी का चयन हुआ! श्रीमान विलासजी बहुत से सामाजिक संस्था से जुडे हुये है! धर्म एवं शिक्षा के कार्य मे विलासजी सदैव अग्रणी रहते है! उपस्थित विविध श्री संघो के पदाधिकारीयो ने विलासजी को बधाई दी! इस सुअवसर पर आकुर्डी- निगडी- प्राधिकरण श्री संघ के और से संघाध्यक्ष विजयजी गांधी एवं पु...
चेन्नई के साहूकारपेट में बेसिन वाटर वर्क्स में स्थित स्वाध्याय भवन में रविवार 22 मार्च 2026 को जिनवाणी मार्च 2026 में प्रकाशित तत्व चिन्तक श्रद्धेय श्री प्रमोदमुनिजी म.सा के प्रवचन “राग द्वेष का कटे जाला, विवेक का हो उजाला” पर स्वाध्याय- अनुप्रेक्षा वरिष्ठ स्वाध्यायी आर वीरेन्द्रजी कांकरिया द्वारा की गयी । स्वाध्यायी बन्धुवर ने उपरोक्त प्रवचन पर स्वाध्याय अनुप्रेक्षा करते हुए राग-द्वेष पर तत्वों के आधार पर विस्तृत विवेचन करते हुए आगमों की गाथाओं का उल्लेख किया व उपरोक्त विषय पर चरित्र आत्माओं से श्रवण किये हुए वाक्यों पर प्रकाश किया | स्वाध्याय भवन में सम्पन्न स्वाध्याय अनुप्रेक्षा कार्यक्रम में रुपराजजी सेठिया,इंदरचंद जी कर्णावट,पदमचन्दजी श्रीश्रीमाल जे कमलजी चोरडिया,महावीरचन्दजी बागमार,बाबू धनपतराजजी सुराणा,दीपंकजी व योगेशजी श्रीश्रीमाल,उच्छबराजजी गांग,वीरेंद्रजी ओस्तवाल, महा...
राष्ट्र संत श्रमण संघीय उप-प्रवर्तक परम पूज्य श्री पंकज मुनि जी महाराज साहब, भारत गौरव परम पूज्य डॉ. श्री वरुण मुनि जी महाराज साहब एवं मुनिरत्न कर्मयोगी श्री रुपेश मुनि जी महाराज साहब का पुणे से विहार करते हुए अभय प्रभावना तीर्थ में मंगलमय पदार्पण हुआ। इस दिव्य संस्थान की स्थापना प्रसिद्ध उद्योगपति, समाज रत्न एवं दानवीर भामाशाह श्री अभय जी फिरोदिया द्वारा की गई है। यह केंद्र अपने आप में जैन धर्म का एक जीवंत एवं आधुनिक स्वरूप प्रस्तुत करता है, जहाँ भगवान महावीर की शिक्षाओं एवं सिद्धांतों को अत्यंत आकर्षक और प्रभावी ढंग से प्रदर्शित किया गया है। यहाँ दिगंबर, श्वेतांबर, मूर्तिपूजक, स्थानकवासी एवं तेरापंथ—चारों धाराओं का अद्भुत समन्वय देखने को मिलता है। आत्मा, परमात्मा, कर्म, पुनर्जन्म, संस्कृति, इतिहास एवं जीवन के अनेक गूढ़ विषयों को आधुनिक ऑडियो-वीडियो तकनीक एवं आर्ट गैलरी के माध्यम से सहज र...
तमिलनाडु हिंदी अकादमी के उपाध्यक्ष साहित्यकार डॉ. दिलीपजी धींग और श्री जैन रत्न हितैषी श्रावक संघ, तमिलनाडु के पूर्व कार्याध्यक्ष आर.नरेन्द्रजी कांकरिया ने मंगलवार शाम को मद्रास विश्व विद्यालय में सोमैया विद्याविहार विश्वविद्यालय, मुंबई से पधारे हुए डॉ. शुद्धात्म प्रकाशजी जैन को अष्टपाहुड ग्रंथ भेंट किया । आर नरेन्द्रजी कांकरिया ने बताया कि आचार्य कुंदकुंद रचित प्राकृत भाषा की आठ पुस्तकों के समूह 400 पृष्ठीय ‘अष्टपाहुड’ का प्रथम अंग्रेजी अनुवाद कर्नल डॉ. डी एस बया ने किया और डॉ. दिलीपजी धींग के संपादन में प्रथम बार अभुषा फाउंडेशन के चेयरमैन श्री अभयकुमारजी श्रीश्रीमाल ने प्रकाशित किया । डॉ. शुद्धात्म प्रकाशजी जैन ने डॉ. दिलीपजी धींग की शोधदृष्टि और साहित्यिक सक्रियता को प्रेरणादायक बताते हुए प्रमोद भाव व्यक्त किये । उन्होंने कहा कि यह ग्रंथ विद्यार्थियों के लिए उपयोगी सिद्ध होगा ।
मद्रास विश्वविद्यालय के जैनोलॉजी विभाग द्वारा आयोजित “जैन धर्म की महिमा एवं आधुनिक संदर्भ में उसकी प्रासंगिकता: नवीन आयाम” विषयक दो दिवसीय संगोष्ठी (23–24 मार्च 2026) का सफलतापूर्वक समापन हुआ। यह संगोष्ठी Research Foundation for Jainology तथा Jain Academy of Scholars, अहमदाबाद के सहयोग से आयोजित की गई। 23 मार्च को आयोजित उद्घाटन सत्र में डॉ. रीटा जॉन, रजिस्ट्रार, मद्रास विश्वविद्यालय द्वारा कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। इस अवसर पर देवकुमार सर एवं जयंतिलाल सर सहित लगभग 50 विद्वानों (स्कॉलर्स) की गरिमामयी उपस्थिति रही। संगोष्ठी के विभिन्न शैक्षणिक सत्रों में देश भर से आए विद्वानों द्वारा अनेक शोधपत्र प्रस्तुत किए गए, जिनमें जैन दर्शन की समकालीन प्रासंगिकता पर गहन विचार-विमर्श हुआ। संपूर्ण कार्यक्रम का लाइव-स्ट्रीमिंग “जय भारत, जय जिनशासन” यूट्यूब चैनल पर किया गया, जिससे इसे व्यापक दर्शक वर्...
पुण्य नगरी पुणे के पावन प्रांगण में आज दो आध्यात्मिक धाराओं का अत्यंत मधुर एवं प्रेरणादायक मिलन हुआ। आचार्य भगवन परम पूज्य श्री कुंथू सागर जी महाराज एवं भारत गौरव पूज्य डॉ. श्री वरुण मुनि जी महाराज साहब का स्नेहपूर्ण सानिध्य प्राप्त हुआ। इस अवसर पर आचार्य श्री कुंथू सागर जी महाराज ने अपने उद्बोधन में कहा कि हम भले ही श्वेतांबर हों या दिगंबर, परंतु मूल रूप से हम सभी एक ही हैं। मुनि श्री का यह आगमन जैन एकता का सशक्त संदेश देता है और समाज को एक सूत्र में पिरोने की प्रेरणा प्रदान करता है। भारत गौरव पूज्य डॉ. वरुण मुनि जी महाराज साहब ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि दिगंबर परंपरा के आचार्य श्री साधना की परम प्रकाष्ठा के साक्षात प्रतीक हैं। वे एक उच्च कोटि के आध्यात्मिक योगी एवं साधना के शिखर पुरुष हैं। इस पावन अवसर पर श्रुताचार्य, साहित्य सम्राट पूज्य प्रवर्तक श्री अमर मुनि जी महाराज द्वारा...