राजस्थानी अशोसिएशन तमिलनाडु द्वारा दिनांक 3 दिसंबर रविवार को पट्टालम स्थित शांतिनाथ भवन में दंत चिकित्सा, नेत्र चिकित्सा व डायबिटीज चेक अप कैंप का आयोजन किया गया। जिसमें दंत विशेषज्ञ एवं तमिलनाडु गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज के एमिरटस प्रोफ़ेसर के. एस. नाजर व उनके डाक्टरों की टीम द्वारा 74 लोगों के दातों का इलाज किया गया। जैन मेडिकल सोशईटी द्वारा संचालित भगवान महावीर आई हॉस्पिटल, रायपुरम की टीम द्वारा...
जिसके गुण-कर्म-स्वभाव जितने सात्विक और सुरुचिपूर्ण होंगे, उसका जीवन उतना ही प्रसन्न, उतना ही सुंदर होगा। जो अविचारी, व्यभिचारी अथवा अवगुणी है, वह कितना ही धनवान, शान-शौकत वाला, सुंदर शरीर और रहन-सहन वाला क्यों न हो, सुंदर जीवन की परिधि में नहीं आ सकता। उपरोक्त बातें आचार्य श्री देवेंद्रसागरसूरिजी ने श्री सुमतिवल्लभ नोर्थटाउन श्वेतांबर मूर्तिपूजक जैन संघ में प्रवचन देते हुए कही, वे आगे बोले कि इसके...
माम्बलम (टी.नगर-चेन्नई) स्थानक में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन Sagevaani.com /Chennai: श्रमणसंघीय वरिष्ठ सलाहकार आयम्बिल तप के महान आराधक राजऋषि पूज्य गुरूदेव श्री सुमतिप्रकाशजी महाराज के देवलोकगमन पर श्री एस. एस. जैन संघ के तत्वावधान एवं जिन शासन प्रभावक श्री वीरेंद्रमुनिजी महाराज के सान्निध्य में रविवार सवेरे बर्किट रोड़ स्थित जैन स्थानक में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन रखा गया। सवेरे 7.30 बजे ...
Sagevaani.com /चेन्नई. श्री सुमतिवल्लभ नोर्थटाउन मूर्तिपूजक जैन संघ में बिराजमान पूज्य आचार्य श्री देवेंद्रसागरसूरीजी ने प्रवचन के माध्यम से श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए कहा कि जीवनयापन और जीवन-लक्ष्य दो भिन्न बातें हैं। प्रायः सामान्य लोगों का जीवन-लक्ष्य जीवनयापन ही रहता है। खाना-कमाना, ब्याह- शादी, लेन-देन, व्यवहार-व्यापार आदि साधारण क्रमों को पूरा करते हुए मृत्यु तक पहुंच जाना, बस इसके अतिर...
श्रमणसंघीय वरिष्ठ सलाहकार गुरूदेव श्री सुमतिप्रकाशजी महाराज के देवलोकगमन पर श्रद्धांजलि सभा का आयोजन रविवार को श्रमणसंघीय भीष्म पितामाह राजऋषि गुरूदेव पूज्य श्री सुमतिप्रकाशजी महाराज का दिनाँक 27 नवम्बर सोमवार को उत्तर प्रदेश मेरठ में संथारा सहित देवलोक गमन हो गया। गुरूदेव सुमतिप्रकाशजी महाराज स्थानकवासी जैन समाज के एक ऐसे महापुरुष थे जिन्होंने लगभग 60 से भी अधिक वर्षों तक जिन शासन की महति प...
आचार्य श्री देवेंद्रसागरसूरिजी ने श्री सुमतिवल्लभ नोर्थटाउन जैन संघ में धर्म प्रवचन देते हुए कहा कि यह सारा संसार गुण-दोषमय है। संसार की कोई भी वस्तु अथवा प्राणी सर्वथा गुणसंपन्न अथवा दोषमुक्त नहीं है। सभी में कुछ-न-कुछ दोष मिलेगा। परमात्मा ही अकेले पूर्ण एवं दोष रहित है। अन्य सब कुछ गुण-दोषमय एवं अपूर्ण है। सामान्यतः मनुष्यों में दोष-दर्शन का भाव रहा करता है। दोषदर्शी का वास्तव में यह बड़ा भारी द...
सत्संग से जीवन अच्छा और कुसंग से जीवन बुरा बनता है Sagevaani.com /शिवपुरी ब्यूरो। वर्षा की एक बूंद यदि सांप के मुंह में गिरती हैै तो वह जहर बन जाती है वहीं एक बूंद यदि सीप के मुंह में पड़ती है तो मोती बन जाती है। बूंद एक ही है लेकिन संगत से उसका असर अलग हो जाता है। इससे स्पष्ट है कि जीवन को दिशा देने में सत्संग का महत्वपूर्ण स्थान है। उक्त उदगार प्रसिद्ध जैन साध्वी नूतन प्रभाश्री जी ने सांखला निवा...
Sagevaani.com /चेन्नई. श्री सुमतिवल्लभ नोर्थटाउन श्वेतांबर मूर्तिपूजक जैन संघ में आचार्य श्री देवेंद्रसागरसूरिजी ने धर्म प्रवचन देते हुए कहा कि ईर्ष्या एक ऐसा शब्द है जो मानव के खुद के जीवन को तो तहस-नहस करता है औरों के जीवन में भी खलबली मचाता है। यदि आप किसी को सुख या खुशी नहीं दे सकते तो कम से कम दूसरों के सुख और खुशी देखकर जलिए मत। यदि आपको खुश नहीं होना है न सही मत होइए खुश, किन्तु किसी की खुश...
सांखला निवास पर हुआ जैन साध्वियों का स्वागत, गुरूणी मैया ने कहा अपनी संपत्ति का करो सदुपयोग Sagevaani.com /शिवपुरी ब्यूरो। चार्तुमास संपन्न होने के बाद बिहार करते हुए जैन साध्वी रमणीक कुंवर जी ठाणा पांच सतियां सांखला परिवार की विनति को स्वीकार करते हुए उनके निवास स्थान पर पहुंची। यहां धर्मसभा को संबोधित करते हुए साध्वी नूतन प्रभाश्री जी ने बताया कि जीवन को यदि हमें स्वर्ग बनाना है तो पारिवारिक रिश...
वर्धमान साधार्मिक सेवा एवं जीव दया समिति की ओर से 228 वां अनाज वितरण का कार्यक्रम दिनांक 29/11/ 2023 को आदिनाध जैन सेवा ट्रस्ट सुले के प्रांगण में हुआ। प्रति माह की भांति इस माह 150 परिवारों को अनाज व खाद्य सामग्री मिठाई पेकेट, साङिया, गुङ, शक्कर, रवा, मैदा, आटा सेमिया, दाल, चावल, आटा, बाजरी, दलिया आदि सामग्रियां वितरण किया गया। संस्था की अध्यक्ष कमला एस मेहता, महामंत्री ललीता सुराणा, कोषाध्यक्ष व...
Sagevaani.com /चेन्नई. बिन्नी नोर्थटाउन के श्री सुमतिवल्लभ जैन मूर्तिपूजक संघ में आचार्य श्री देवेंद्रसागरसूरिजी ने प्रवचन देते हुए कहा कि साधना में दो बातें मुख्य हैं स्वार्थ और अहंकार का त्याग। जगत के लौकिक व्यवहार चाहिए तो यह भी स्वार्थ के त्याग से मिल जाएगा। थोड़ा त्यागने से ज्यादा मिलता है। किसान इसका प्रत्यक्ष उदाहरण है। वह फसल के लिए खेत में बीज डालता है। फसल खराब हो जाए, उसे फिर से खेत में...
श्रमण परम्परा के दिव्य नक्षत्र क्रान्तिकारी वीर लोंकाशाह की 608 वीं जन्मजयन्ति श्री जैन रत्न हितैषी श्रावक संघ तमिलनाडु के तत्वावधान में स्वाध्याय भवन, साहूकारपेट, चेन्नई में श्रद्धा भक्ति दिवस के रुप में मनाई गयी | वरिष्ठ स्वाध्यायी बन्धुवर आर. वीरेंद्रजी कांकरिया ने आठ कर्मों के बंध व उदय में आने के कारण,उनकी काल स्थिति आदि पर विस्तृत विवेचन किया | श्रावक संघ तमिलनाडु के कार्याध्यक्ष आर नरेन्द्...