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साध्वी श्री उज्ज्वलप्रभा जी ठाणा 4 का मदुरै से शिवाकासी की और विहार

मदुरै : आचार्य श्री महाश्रमण जी की सुशिष्या साध्वी श्री उज्ज्वलप्रभा जी ठाणा 4 का त्रिचि से 20फरवरी को विहार हुआ । साध्वी श्री जी दिनाक: 2.3.22 बुधवार प्रातः 10.30 बजे मदुरै तेरापंथ भवन में पधारे । यहां भवन में एक दिन का प्रवास कर 3.3.22 गुरुवार प्रातः 7.30 बजे मदुरै तेरापंथ भवन से विहार कर गुरुवार का प्रवास श्रेणिक सिंघवी जी के निवास स्थान पर प्रवास करेगें। वहा से 4.3.22 शुक्रवार प्रातः विहार कर शिवकाशी की ओर आगे बढ़ने का भाव हे। साध्वी श्री उज्ज्वल प्रभा जी ने मदुरै तेरापंथ भवन में कहा की सेवा का अवसर आया तो मदुरै का तेरापंथ श्रावक समाज बड़ी निष्ठा एवं जागरूकता के साथ सेवा का पूरा लाभ लिया और आगे भी मदुरैवासी सेवा के लिए तत्पर हैं। साध्वी श्री जी ने अत्यन्त प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा की यह हमारे संघीय संस्कारों का ही उदाहरण है। बुधवार को साध्वीव्रंद के मदुरै तेरापंथ भवन में पधारने पर ...

हमारे व्यवहार में नैतिकता, प्रमाणिकता, इमानदारी झलके: मुनि अर्हतकुमार

74वें अणुव्रत स्थापना दिवस पर धार्मिकता की बताई कसौटी      बुधवार को होगी वृहद अणुव्रत काव्यधारा   अणुव्रत विश्व भारती सोसायटी के तत्वावधान में अणुव्रत समिति चेन्नई की आयोजना में मुनि श्री अर्हतकुमार जी के सान्निध्य में तेरापंथ सभा भवन, तण्डियारपेट में 74वॉ अणुव्रत स्थापना दिवस मनाया गया। मुनिश्री ने धर्मपरिषद् को सम्बोधित करते हुए कहा कि अणुव्रत मानव को मानव बनाने की प्रक्रिया है। छोटे-छोटे नियमों का पुलिंदा है अणुव्रत। भारत की आजादी के समय राष्ट्र संत गणाधिपति तुलसी के मानस में एक चिन्तन उभरा और क्रियान्विती के रूप में अणुव्रत आन्दोलन का प्रवर्तन हुआ। असाम्प्रदायिक इस आन्दोलन में व्यक्तिशः सुधार की अप्रेक्षा को परिलक्षित किया गया है। अणुव्रत कहता है कि पहले स्वयं सुधरे, फिर समाज को सुधारने का प्रयास करने से सफलता प्राप्त हो सकती हैं। देश सुधार का स्वप्न भी फलीत हो सकता है। मुनि श्री ने व...

ज्ञानशाला निखारती संस्कारो के सौंदर्य को- मुनि श्री अर्हत कुमारजी

तेरापंथ सभा द्वारा आयोजित ज्ञानशाला वार्षिक उत्सव में ज्ञानार्थीयों ने शानदार प्रस्तुतियां   ज्ञानशाला वह प्रयोगशाला है जहा बच्चों के जीवन को स्वर्ण के समान निखारा जाता है। ज्ञानशाला वह उपक्रम है जहा बच्चों के स्वर्णिम भविष्य का निर्माण होता हैं। उपरोक्त विचार तेरापंथ सभा द्वारा आयोजित ज्ञानशाला वार्षिक उत्सव में मुनि श्री अर्हत् कुमार ने कहें। मुनि श्री ने आगे कहा कि आज पाश्चात्य संस्कृति ने हमारे संस्कारो, संस्कृतियों पर आक्रमण कर हमारे जीवन के महत्वपूर्ण मूल्यों का विनाश किया है और ऐसे भीषण समय में ज्ञानशाला एक सुरक्षा कवच है। आचार्य श्री तुलसी ने धर्मसंघ को अनेक आयाम दिए है, पाश्चात्य संस्कृति की विषैली हवा से बदलते संस्कारो की दुर्दशा देख भोले भाले बचपन को इस हवा से सुरक्षित रखने के लिए ज्ञानशाला का यह सुनहरा उपहार तेरापंथ धर्म संघ को दिया। मुनिश्री ने आगे कहा कि आज माँ बाप अपने बच्चो...

पुरुषार्थ सफलता का टॉनिक – मुनि अर्हत् कुमारजी

तेयुप द्वारा गुड नाइफ, गुड लक कार्यशाला का आयोजन   तेरापंथ युवक परिषद्, चेन्नई के तत्वाधान में गुड लाइफ गुड लक कार्यशाला का आयोजन मुनि श्री अर्हत् कुमारजी ठाणा 3 के सान्निध्य में ट्रिप्लीकेन तेरापंथ भवन में आयोजित किया गया। कार्यक्रम से पूर्व 7 से 8 शनिवार सामायिक का आयोजन किया गया। मुनि श्री अर्हतकुमारजी ने फरमाया की तकदीर तो उनकी भी होती है, जिनके हाथ नहीं होते। तकदीर के भरोसे केवल ना बैठा जाए। पुरुषार्थ करें तो उसका पॉजिटिव रिजल्ट भी आएगा। मुनिश्री ने आगे कहा कि पुरुषार्थ सफलता का टॉनिक है। हमें ज्योतिषी एवं हस्तरेखाओं पर विश्वास नहीं करना चाहिए। जो व्यक्ति तकदीर के भरोसे बैठता है, वह जीवन में कभी प्रगति नहीं कर पाता। सबसे पहले व्यक्ति को लक्ष्य का निर्धारण करना चाहिए, फिर उस दिशा में आगे बढ़ने का प्रयत्न करना चाहिए। पॉजिटिव थिंकिंग से नेगेटिव ऊर्जा को हटाना चाहिए। जो व्यक्ति झुकना जानत...

सुशिष्या साध्वी श्री उज्जवलप्रभाजी ठाणा 4 रविवार को मेल्लूर गोवरमेंट हाई सेकेंडरी स्कूल में पधारे

आचार्य श्री महाश्रमण जी की सुशिष्या साध्वी श्री उज्जवलप्रभाजी ठाणा 4 रविवार को प्रातः तिरुचि मदुरै रोड पर मेल्लूर गोवरमेंट हाई सेकेंडरी बॉयज स्कूल में पधारे, साध्वी श्री जी की सेवा में मदुरै का तेरापंथ श्रावक समाज तत्पर है। शिवकाशी से पधारे वरिष्ठ श्रावक नवरत्नमल जी डागा एवं मदनलाल जी डागा ने साध्वी श्री जी को शिवाकाशी पधारने की विनती करते हुए होली चातुर्मास करने की अर्ज करने पर साध्वी श्री जी ने होली चातुर्मास शिवाकाशी फरमाया। त्रिचि से गौतमचंद जी सुराणा, त्रिचि सभा मंत्री प्रेमचंद जी सुराणा आदी भी साध्वीश्री जी के दर्शन करने पधारे, रविवार की वजह से मदुरै से सुबह से शाम तक मदुरै तेरापंथी परिवार का दर्शन सेवा लाभ हेतु ताता लगा रहा। मदुरै तेरापंथ सभा अध्यक्ष जयंतीलाल जीरावला, वरिष्ठ मदनलाल जी बैद, निर्मल कुमार जी पारख, रतनलाल जी लोढ़ा, सभा उपाध्यक्ष धीरज पारख , मंत्री राजकुमार नाहटा , ते. म...

नेत्रोदय स्कूल ऑफ एज्युकेशन में स्नेहम प्रोजेक्ट का आयोजन

अखिल भारतीय तेरापंथ महिला मंडल के निर्देशानुसार तेरापंथ महिला मंडल चेन्नई के तत्त्वावधान में दिनांक 23 फरवरी को स्नेहम् प्रोजेक्ट का आयोजन चेन्नै के नोलम्बुर स्थित नेत्रोदय स्कूल ऑफ एज्युकेशन में हुआ। मंडल की उपाध्यक्ष श्रीमती अलका खटेड़ एवं सहमंत्री श्रीमती कंचन भंडारी के नमस्कार महामंत्र उच्चारण से कार्यक्रम प्रारम्भ हुआ। अध्यक्ष श्रीमती पुष्पा हिरण ने उपस्थित अतिथियों एवं समागत सदस्यों का स्वागत करते हुए प्रसन्नता जाहिर की कि यह एक ऐसा प्रोजेक्ट है जिससे विशेष बच्चों के साथ विशेष पल बिताने का सुअवसर प्राप्त हुआ है। राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य श्रीमती माला कातरेला ने बच्चों को छोटी-छोटी कहानियों के माध्यम से आत्मविश्वास को प्रबल रखने की प्रेरणा दी।  साथ ही अखिल भारतीय तेरापंथ महिला मंडल की गतिविधियों के बारे में विस्तृत जानकारी दी। संचालन करते हुए स्नेहम् प्रोजेक्ट की संयोजिका श्रीमती संग...

साध्वी श्री उज्वल प्रभा जी आदि ठाणा (4) तिरूचि का प्रवास सम्पन्न कर मदुरै की ओर

आचार्य श्री महाश्रमण जी की शिष्या साध्वी श्री उज्वल प्रभा जी आदि ठाणा (4) का 26दिवसय तिरूचि का प्रवास सम्पन्न कर मदुरै की ओर आज विरालिमलै से कईकाटी विडियल मैट्रीकल स्कूल पधारे रास्ते की सेवा में तिरुचि सभा अध्यक्ष अजितराजजी बोथरा, गौतमजी सुराणा,,मोहनजी बोथरा, सौरभ सुराणा, सुभब सुराणा एवं आज मदुरै से तेरापंथ सभा अध्यक्ष जयंतीलाल जीरावला, तेयुप अध्यक्ष संदीप बोकड़िया एवं तेरापंथ महिलामंडल से चंद्रकला बैद, शांतिदेवी कोठारी, बबिता गिरिया ने आज से रास्ते की सेवा में जुड़े है साध्वी श्री जी महती कृपा कर मदुरै क पधार रहे है ये हम मदुरैवासियो के लिए शौभाग्य की बात है साध्वीश्री के प्रति कृतज्ञता पुनः साध्वीश्री जी इस वर्ष चातुर्मास 2022 का कोयम्बटूर फ़रमाया है ये जानकारी तेरापंथ सभा ,मदुरै अध्यक्ष जयंतीलाल जीरावला ने दी ।

जन्मदिन पर बहन-भाई एवं सालगिरह पर दंपति ने नेत्रदान का संकल्प कर पेश की अनुकरणीय मिसाल

जैन कॉन्फ्रेन्स महिला शाखा ने किया भाई-बहन का सम्मान भीलवाड़ा, अखिल भारतीय श्वेताम्बर स्थानकवासी जैन कॉन्फ्रेन्स की महिला शाखा की राजस्थान प्रान्तीय अध्यक्ष श्रीमती नीता ललित बाबेल की शादी की सालगिरह सोमवार को उस समय अनुकरणीय आयोजन बन गई जब स्वयं बाबेल दंपति ने नेत्रदान का संकल्प लिया। साथ ही इस मौके पर आयोजित कार्यक्रम में एक बहन ने भी अपने जन्मदिन को सार्थक बनाते हुए भाई के साथ नेत्रदान का संकल्प पत्र जैन कॉन्फ्रेन्स पदाधिकारियों को पेश कर दिया। एक ही दिन में चार-चार जोड़ी नेत्रदान के संकल्प पत्र जैन कॉन्फ्रेन्स पदाधिकारियों को प्राप्त होना नेत्रदान महादान अभियान की बड़ी सफलता माना जा रहा है। जैन कॉन्फ्रेन्स महिला शाखा के प्रान्तीय महामंत्री चंदा कोठारी ने बताया कि सोमवार को चन्द्रशेखर आजादनगर के समीप सज्जन विला में जैन कॉन्फ्रेन्स राजस्थान महिला शाखा के तत्वावधान में कार्यक्रम का आयोजन संग...

सरलता मुक्ति का सोपान : मुनि श्री अर्हत् कुमार

युगप्रधान आचार्यश्री महाश्रमणजी के सुशिष्य मुनिश्री अर्हत् कुमारजी ठाणा 3 तमिलनाडु के विभिन्न क्षेत्रों को स्पर्श करते हुए पक्षीतीर्थ, तिरुकलीकुन्डरम पधारे। मुनिश्रीजी के दो दिवसीय प्रवास हेतु नगरवासियों ने भावभीना स्वागत किया। जैन भवन में मुनिश्री ने जनमेदनी को सम्बोधित करते हुए फरमाया कि सरलता मुक्ति का सशक्त मार्ग है। भगवान महावीर ने बताया था कि जिसके मन में सरलता का वास है, उसके ही मन में भगवान का निवास है। मन की सरलता ही व्यक्ति को मुक्ति के सोपान पर ले जाती है। बच्चे को भगवान का रूप इसलिये कहा जाता है, क्योंकि उसके मन में सरलता होती है। हमे कषाय विजयी बन कर आत्मा को परमात्मा बनाने का प्रयास करना चाहिये। मुनिश्री भरतकुमारजी ने कहा, जो करता है त्याग, उसके जग जाते है भाग। जो जीवन का लक्ष्य मोक्ष रखता है, उसका यह भव और पर भव दोनो सुधर जाते है। मुनिश्री जयदीपकुमारजी ने सत्संग पर प्रकाश डा...

कृष्णागिरी शक्तिपीठ धाम में रचा जाएगा इतिहास

सदी के महामानव, राष्ट्रसंत, सर्वधर्म दिवाकर पूज्य गुरुदेव श्रीजी डॉ वसंतविजयजी म.सा. के 53वें अवतरण दिवस पर त्रिदिवसीय भक्त कल्याण महोत्सव 8 मार्च से तमिलनाडु प्रांत के विश्व विख्यात श्रीकृष्णगिरी पार्श्व पद्मावती शक्तिपीठ तीर्थ धाम में पीठाधिपति, राष्ट्रसंत, मंत्र शिरोमणि, विद्यासागर, सर्वधर्म दिवाकर, यतिवर्य, सिद्धि सम्राट, परम पूज्य गुरुदेव श्रीजी ड़ॉ वसंत विजय जी महाराज साहेब का 53वां अवतरण दिवस (जन्म महोत्सव) अतिदिव्य रुप से तीन दिवसीय महोत्सव के रुप में आगामी 8 से 10 मार्च 2022 को मनाया जा रहा है। इस दौरान निशुल्क अति दिव्य सिद्ध महालक्ष्मी पूजन कराया जाएगा। कार्यक्रम में भाग लेने वाले पुण्यशाली श्रद्धालुओं को यंत्र, वस्त्र एवं संपूर्ण सामग्री निशुल्क प्रदान किया जाएगा, यानी पूज्य गुरुदेव श्रीजी की निश्रा में अतिदिव्य आयोजन हो रहा है। इस दिव्यतम आयोजन में भाग लेने के लिए किसी प्रकार स...

मर्यादा की महाज्योति से आलोकित होता मार्ग: साध्वी डॉ मंगलप्रज्ञा

साध्वीवृन्द का 2022 का चातुर्मास होगा साहूकारपेट चेन्नई तिरुवन्नामलाई :- महावीर भवन में तेरापंथ संघ का विलक्षण पर्व मर्यादा महोत्सव का भव्य आयोजन तेरापंथ सभा के तत्वावधान एवं साध्वी श्री डॉ मंगलप्रज्ञाजी के सान्निध्य में उल्लास एवं सुरम्य वातावरण में हुआ। इस अवसर पर जनसभा को सम्बोधित करते हुए साध्वीश्रीजी ने कहा- आचार्य भिक्षु द्वारा लिखित संविधान हमारे लिए छत्र है, सुरक्षा कवच है। संघ हमारे लिए प्राण है, त्राण है, गति और प्रतिष्ठा है। संघ और संघपति की शरण भाग्योदय से प्राप्त है। इसकी मर्यादा, अनुशासन और व्यवस्था का समुचित पालन हमारा परम् दायित्व है। आचार्य भिक्षु ने मर्यादा का ऐसा बीज वपन किया, जिस कारण संघ निरन्तर प्रगति के शिखरों पर आरोहण कर रहा है। अनुशासन और मर्यादा का आधार है हमारी आस्था। आत्मा, संयम, अध्यात्म, गण और गणपति के प्रति आस्था गहरी होनी चाहिए। हमारी साधना का आधार संघ और गु...

मर्यादा है सुरक्षा कवच : साध्वीश्री उज्जवलप्रभाजी

तिरुचि :- आचार्य श्री महाश्रमणजी की सुशिष्या साध्वी श्री उज्ज्वलप्रभाजी के सान्निध्य में तेरापंथ का महापर्व मर्यादा महोत्सव मनाया गया। साध्वीश्रीजी ने अपने प्रवचन में कहा सर्वोत्तन्मुखी विकास का सोपान है मर्यादा। मर्यादा सुरक्षा कवच है। आचार्य भिक्षु ने तेरापंथ धर्म संघ को जो मर्यादाएं दी वे आत्मोत्थान के लिए वरदान है, जिस प्रकार जड़ों से टिक कर दरखत फलता है, उसी प्रकार मर्यादाओं में रहकर व्यक्ति अपनी मंजिल को पा लेता है। साध्वी श्री अनुप्रेक्षाश्रीजी ने कहा – अनुशासन एक उपाय है, आत्मानुशासन को जागृत करने का, अध्यात्म की चेतना को झकृंत करने का। अनुशासित साधक ही साध्य तक पहुंचता है। साध्वी सन्मतिप्रभाजी ने अपने विचार रखते हुए कहा तेरापंथ धर्मसंघ का संगठन अद्धभुत है। मर्यादा इसका प्राणतत्व है। विल्लुपुरम, कुंभकोणम, पांडिचेरी से समागम भाई बहनों का स्वागत सुनिल सुराणा ने किया। स्थानीय उत...

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