मंत्र दीक्षा दिलवाते हुए सत् संस्कारों से जीवन को परिपूर्ण बनाने की दी प्रेरणा
तेयुप द्वारा मंत्र दीक्षा का हुआ आयोजन
चेन्नई : अखिल भारतीय तेरापंथ युवक परिषद् के निर्देशानुसार, तेरापंथ युवक परिषद् चेन्नई की आयोजना में शासनश्री साध्वी शिवमाला ठाणा 4 के सान्निध्य में मंत्र दीक्षा का आयोजन तेरापंथ सभा भवन ट्रिप्लीकेन में किया गया।
कार्यक्रम का शुभारम्भ साध्वीश्री के नमस्कार महामंत्र से हुआ। सहमंत्री नवीन बोहरा ने मंगलाचरण प्रस्तुत किया। उपाध्यक्ष संदीप मुथा ने स्वागत स्वर दिया।
मंगल उद्बोधन प्रदान करते हुए साध्वी शिवमाला ने कहा कि बच्चे समाज, देश की मूल्यवान धरोहर है। बच्चे विद्या, विनय, विवेक का जिनालय हैं, ऊंची उड़ान भरने के लिए हिमालय हैं। बच्चों को जीवन में विनम्र, दयालु, समर्पित बनना चाहिए।
ज्ञानप्राप्ति के साथ सत् संस्कार का समावेश होना चाहिए। जैनत्व के संस्कारों के अनुकूल खानपान होना चाहिए। अच्छे दोस्तों की संगति होनी चाहिए। माता, पिता, गुरुजनों का सम्मान करना चाहिए।
साध्वीजी ने बच्चों को मंत्र दीक्षा अंगीकार करवाते हुए कहा कि प्रतिदिन सुबह जल्दी उठने के साथ कम से कम 21 बार नमस्कार महामंत्र का स्मरण करना चाहिए।
साध्वी अर्हम् प्रभा ने गीतिका के माध्यम से बच्चों को प्रेरणा प्रदान की। पल्लावरम्, ट्रिप्लीकेन, क्रोसरोड़ इत्यादि ज्ञानशाला के ज्ञानार्थीयों एवं प्रशिक्षिकाओं ने सहभागिता निभाई। ज्ञानशाला सहप्रभारी राजेश सांड़ ने विचार व्यक्त किये।
तेयुप उपाध्यक्ष संदीप मुथा, ट्रिप्लीकेन ट्रस्ट बोर्ड प्रबंध न्यासी श्री सुरेश संचेती, मंत्री श्री विजयकुमार गेलड़ा, जैन विश्व भारती के प्रबंध न्यासी श्री रमेश बोहरा, श्री प्रकाशचन्द मुथा इत्यादि ने साध्वीवृन्द को मंत्र दीक्षा कीट निवेदित कर, बच्चों को कीट प्रदान की।
प्रायोजक परिवार श्री रणजीतमल, अक्षय, ध्रुव छल्लाणी परिवार के प्रति तेयुप ने साधुवाद सम्प्रेषित किया। मंत्र दीक्षा कार्यक्रम का कुशल संचालन संयोजक हरीश भण्डारी ने और आभार ज्ञापन सह संयोजक विशाल हिरण ने किया।
कार्यक्रम में तेयुप संगठन मंत्री नितेश मरलेचा, एटीडीसी संयोजक स्नेहदीप बांठिया, नवीन मुणोत, दीपक श्रीश्रीमाल के साथ तेयुप कार्यकर्ता एवं गणमान्य व्यक्तियों की गरिमामय उपस्थित रही।
समाचार सम्प्रेषक : स्वरूप चन्द दाँती




