श्री हीराबाग जैन स्थानक सेपिंग्स रोड बेंगलुरू में विराजित साध्वी आगमश्रीजी म सा ने बताया कि जिंदगी दो दिन की है एक दिन है आपके पक्ष में और एक दिन आपके विपक्ष, जो दिन आपके पक्ष में है उसमे गुरूर मत करना जो आपके खिलाफ है उस दिन थोड़ा सबर जरूर करना।
जो अपने तन मन धन परिवार के वश में हो जाए तो खुशी, और वश में ना रहें तो दुःखी होता है। धर्म स्ट्रीट लाइट की तरह है जिसका उपयोग तो सब करते है, पर उसपर अधिकार किसी का नहीं होता। आत्मा को मन को अनुशासित करने के लिए ज्ञानियों ने चार सूत्र रखे हैं। पहला दुःख में दिन नहीं होना, दूसरा सुख में लिन नहीं होना, तीसरा पाप में प्रवीण नहीं होना, चौथा धर्म में हैं नहीं होना।
आत्मा को अनुशासित करना है तो इन चार बातों को जीवन के आचरण में लाना होगा। प्रवचन के पश्चात् कॉक्स टाउन महिला मंडल ने धार्मिक तंबोला का आयोजन किया श्रीमती राखीगादिया ने सबको धार्मिक कथा के माध्यम से जैन धर्म के बारे मे बहुत सुंदर तरीके से समझाया। अध्यक्ष भीकम चंद सखलेचा एवं वरिष्ठ श्रावक जब्बरचंद कांकरिया ने जज बनकर जितने वालों को उपहार दिए। उसके बाद सौ.प्रीति सिद्धार्थ सकलेचा ने २९ के प्रत्याख्यन ले कर जिन शासन की शोभा बढ़ाई। मंत्री अशोक बांठिया ने संचालन किया।