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मानव जीवन का अधिकाधिक सदुपयोग करें: साध्वी मयंकमणि

वेलूर. यहां आरकाट स्थित श्री जैन स्थानक में विराजित साध्वी मयंकमणि ने कहा कि संसार में चौरासी लाख योनियों में से मानव जीवन पाना सबसे दुर्लभ है क्योंकि मानव जीवन...

अहंकार आदमी को लघु बनाता हैं : आचार्य श्री महाश्रमण

माधावरम् स्थित जैन तेरापंथ नगर के महाश्रमण समवसरण में ठाणं सूत्र के छठे स्थान के चौत्तीसवें सूत्र का विवेचन करते हुए आचार्य श्री महाश्रमण ने कहा कि छह प्रकार के...

चातुर्मासिक प्रवचन की अमृत रस की सरिता: वीरेन्द्र मुनि

कोयम्बत्तूर आर एस पुरम स्थित आराधना भवन में चातुर्मासिक प्रवचन की अमृत रस की सरिता बह रही है, जैन दिवाकर दरबार में विमलशिष्य वीरेन्द्र मुनि नें धर्म सभा को संबो...

शुभ लेश्या का विकास और अशुभ का त्याग करें: प्रवीणऋषि

चेन्नई. रविवार को श्री एमकेएम जैन मेमोरियल, पुरुषावाक्कम में विराजित उपाध्याय प्रवर प्रवीणऋषि एवं तीर्थेशऋषि महाराज ने परमात्मा प्रभु महावीर के समवशरण का ध्यान ...

चातुर्मासिक प्रवचन की अमृत रस की सरिता: वीरेन्द्र मुनि

कोयम्बत्तूर आर एस पुरम स्थित आराधना भवन में चातुर्मासिक प्रवचन की अमृत रस की सरिता बह रही है, जैन दिवाकर दरबार में विमलशिष्य वीरेन्द्र मुनि नें धर्म सभा को संबो...

जीवन का निर्णायक तत्व है स्वविवेक: कपिल मुनि

चेन्नई. गोपालपुरम स्थित भगवान महावीर वाटिका में विराजित कपिल मुनि कहा भगवान महावीर की अन्तिम देशना हिंसा, आतंक और स्वार्थपूर्ण परिवेश के गहन तिमिर में शांति समत...

मानव जीवन घटनाओं व दुर्घटनाओं का मेला: साध्वी डा. महाप्रज्ञा

चेन्नई. अयनावरम स्थित जैन दादावाड़ी में विराजित साध्वी डा. महाप्रज्ञा ने कहा मानव जीवन घटनाओं और दुर्घटनाओं का मेला है। इस मेले में अनेक व्यक्तियों के साथ गुजरत...

ज्ञान की कोई सीमा नहीं: ज्ञानमुनि

शांति भवन में विराजित ज्ञानमुनि ने कहा कि मनुष्यों को कुछ ग्रहण करना है तो अच्छा ही ग्रहण करें। हमेशा गुण लें अवगुणों से बचें कोयला छोड़ हीरा ग्रहण करें। हमारे ...

पुण्य के बिना नहीं मिलता बेहतर मार्ग: गौतममुनि

चेन्नई. मनुष्य का पुण्य ही उसे मंजिल तक पहुंचाने का कार्य करता है। परमात्मा की वाणी सुनकर जीवन को पुण्यवान बनाने का प्रयास करना चाहिए। साहुकारपेट जैन भवन में वि...

आत्मा की चिंता करने वाला ही सच्चा साधु: साध्वी धर्मलता

चेन्नई. ताम्बरम जैन स्थानक में विराजित साध्वी धर्मलता ने कहा कि सांसारिक बंधनो से मुक्त होकर निर्वाण को प्राप्त होना है तो स्वयं को जानना अनिवार्य है। जिस दिन ह...

जीवन में पसंदगी और नापसंदगी के चक्र से बाहर निकलें : उपाध्याय प्रवर प्रवीणऋषि

चेन्नई. शनिवार को श्री एमकेएम जैन मेमोरियल, पुरुषावाक्कम में विराजित उपाध्याय प्रवर प्रवीणऋषि एवं तीर्थेशऋषि महाराज ने उत्तराध्ययन सूत्र का वाचन कराया। उन्होंने...

आत्मार्थीं ही मोक्ष जाने का अधिकार : आचार्य श्री महाश्रमण

माधावरम् स्थित जैन तेरापंथ नगर के महाश्रमण समवसरण में ठाणं सूत्र के छठे अध्याय के तेतीसवें सूत्र का विवेचन करते हुए आचार्य श्री महाश्रमण ने कहा कि आत्मावान व्यक...

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