Author: saadhak

इच्छाओं के अल्पीकरण से व्यक्ति रहता सुखी : मुनि हिमांशुकुमार

Sagevaani.com /साहूकारपेट, चेन्नई : सागर में लहरें निरंतर गतिशील रहती हैं। उसी प्रकार, व्यक्ति की इच्छाएँ भी निरंतर बढ़ती रहती हैं और वह उन्हीं इच्छाओं की पूर्ति में लगा रहता है। यही लोभ है। उपरोक्त विचार तेरापंथ सभा भवन, साहूकारपेट में धर्मसभा को संबोधित करते हुए मुनि हिमांशुकुमारजी कहे।  ¤ जितनी अधिक इच्छाएँ, उतना ही अधिक तनाव  मुनिश्री ने आगे कहा कि लोभ के परिणामस्वरूप व्यक्ति का हृदय कमजोर रहत...

“गुरु पुष्कर” जन्मोत्सव के तीन दिवसीय कार्यक्रम जारी है

उपाध्याय श्री गुरु पुष्कर मुनीजी के जन्मोत्सव का द्वितीय दिवसीय समारोह जाप आराधना से संप्पन्न! आकुर्डी- निगडी- प्राधिकरण श्री संघ के प्रांगण मे आज “गुरु पुष्कर” जन्मोत्सव के तीन दिवसीय कार्यक्रम जारी है! आज डॉ. राज श्री जी डॉ. मेघाश्री जी आदि ठाणा चार के निश्रा मे आज नवकार महामंत्र का जाप, गुरु पुष्कर चालीसा, गुरु आरती का आयोजन किया गया था! 48 मिनीट के जाप में अनेक धर्म प्रेमी महानुभाव सम्मिलित हु...

जीवनात विनय असला पाहिजे-साध्वी प.पू. गुरुछायाजी म. सा.

जालना : ज्याच्या जीवनात विनय नाही, तो मनुष्य प्राणी नाही. विनय असल्याने काय होते. ज्याच्याकडे विनयाची भावना आहे, काया आहे, तो प्राणी सातत्याने विजयात राहतो, म्हणूनच म्हटले आहे की, जीवनात विजय असला पाहिजे, असा हितोपदेश साध्वी प.पू. ुगुरुछायाजी म. सा. यांनी येथे बोलतांना दिला. तपोधाम परिसरातील गुरु गणेश सभा मंडपात चार्तुमासानिमित्त आयोजित प्रवचनात त्या बोलत होत्या. प. पू. गुरुछायाजी म. सा. म्हणाल्या...

जीवन जगायचे तर ते गौतममुनीसारखे जगावे-साध्वी प.पू. सत्यसाधना म. सा.

Sagevaani.com /जालना : पुण्यकर्म पदरात पाडू घ्यायच ेअसेल तर जीवन जगायचे तर ते गौतममुनीसारखे जगावे, असा हितोपदेश साध्वी प.पू. सत्यसाधनाजी म. सा. यांनी येथे बोलतांना दिला. तपोधाम परिसरातील गुरु गणेश सभा मंडपात चार्तुमासानिमित्त आयोजित प्रवचनात त्या बोलत होत्या. प्रवचनाच्या प्रारंभीच छोट्या साध्वींनी गौतममुनींवर गायिलेल्या गितावर आधारीत पुढे बोलतांना संथारा प्रेरिका उपप्रवर्तीनी प. पू. सत्यसाधनाजी म....

पुण्य तत्त्व

क्रमांक – 27 . *तत्त्व – दर्शन*  *🔹 तत्त्व वर्गीकरण या तत्त्व के प्रकार* *👉जैन दर्शन में नवतत्त्व माने गये हैं – जीव, अजीव, पुण्य, पाप, आस्रव, संवर, निर्जरा, बन्ध, मोक्ष।* *🔅 पुण्य तत्त्व* *👉 नवतत्त्वों में जीव और अजीव के बाद तीसरा स्थान पुण्य का है। ‘शुभं कर्म पुण्यम्’ शुभ कर्मों को पुण्य कहा गया है। वास्तविक परिभाषा के अनुसार सात वेदनीय आदि शुभ कर्मों को पुण्य कहा ज...

जैसा पुरुषार्थ होगा वैसा परिणाम मिलेगा

*☀️प्रवचन वैभव☀️*   *🪷 सद् उपदेशक:🪷* *युग प्रभावक कृपाप्राप्त* मुनि श्रीवैभवरत्नविजयजी म.सा. ✒️ 9️⃣0️⃣ 🌻 *_446)_* जैसा पुरुषार्थ होगा वैसा परिणाम मिलेगा.! *_447)_* क्रिया के माध्यम से योग नियंत्रित होते है, ज्ञान के माध्यम से योग सहयोगी बनते हैं.! *_448)_* अपने अंतर के प्रकाश को पहचानो.! *_449)_* देह की मृत्यु भले हो जावे लेकिन मार्ग से विचलित होकर प्रतिज्ञा तोड़कर धर्म की मृत्यु नही होने देत...

दुनिया घूमना आसान है लेकिन  मन को स्थिर करना बहोत कठिन हैं

*☀️प्रवचन वैभव☀️* *🪷 सद् उपदेशक:🪷* *युग प्रभावक कृपाप्राप्त* मुनि श्रीवैभवरत्नविजयजी म.सा. ✒️ 8️⃣9️⃣ ♦️ *_441)_* दुनिया घूमना आसान है लेकिन मन को स्थिर करना बहोत कठिन हैं.! *_442)_* अज्ञानी दुख से, ज्ञानी दोष से दुखी.. *_443)_* श्रावक का लक्ष्य संयम है, साधवाचार के ज्ञान से प्राप्ति की लगनी बढ़ती है.! *_444)_* व्यसन से कभी टेंशन दूर नहीं होते.! *_445)_* घिसने से चंदन का गुण शीतलता प्रगट होती हैं ज...

आचार्यश्री हमीरमल म.सा की पुण्यतिथि सामायिक दिवस

चेन्नई आज शुक्रवार 18 अक्टूबर 2024 को आचार्यश्री हमीरमल म.सा की पुण्यतिथि सामायिक दिवस के रुप में स्वाध्याय भवन, साहूकारपेट, चेन्नई में श्री जैन रत्न हितैषी श्रावक संघ के तत्वावधान मे मनाई गई | धर्मसभा में श्री जैन रत्न हितैषी श्रावक संघ तमिलनाडु के कार्याध्यक्ष आर नरेन्द्रजी कांकरिया ने पूज्य आचार्यश्री हमीरमलजी म.सा के गुण स्मरण करते हुए कहा कि नागौर में श्री नगराजजी -ज्ञानकुमारीजी गांधी के यहां...

उपाध्याय पु. श्री. पुष्करमुनीजी म.सा. का जन्मोत्सव

उपाध्याय पु. श्री. पुष्करमुनीजी म.सा. का जन्मोत्सव! आकुर्डी संघ में तीन दिवसीय कार्यक्रम का आयोजन! आज आकुर्डी-निगडी- प्राधिकरण श्री संघ के प्रांगण मे महासाध्वी डॉ. राज श्री जी म.सा. , डॉ. मेघाश्री जी म.सा. के निश्रा में गुरुदेव उपाध्याय पु. पुष्कर मुनीजी म.सा. के 115 वे जन्मोत्सव का आयोजन तीन दिवसीय कार्यक्रम के माध्यमसे किया गया है! यह जानकारी संघाध्यक्ष सुभाषजी ललवाणी ने दी! आज प्रथम दिवसीय कार्...

ओली का समापन हुआ

“नवपद”आयंबील ओली का समापन! आकुर्डी निगडी प्राधिकरण श्री संघ के प्रांगण में डॉ. राज श्री जी, डॉ. मेघा़श्री जी , साध्वी समिक्षा श्री जी साध्वी जिनाज्ञा श्री जी के निश्राय मे आयंबील ओली का समापन आज हुआ! 21 भाई बहनोने आयंबील ओली की आराधना की! बैठते उठते 36 आयंबील हुये! संपूर्ण आयंबील ओली के लाभार्थी बने श्रीमान दिलीपजी प्रसाद जी फिरोदिया. इस परिवार के औरसे आयंबील धारकोंको रजत मुद्रा द्वारा नवाज़ा गया!...

पुद्गल द्रव्य चार प्रकार का माना गया है

क्रमांक – 26 . *तत्त्व – दर्शन*  *🔹 तत्त्व वर्गीकरण या तत्त्व के प्रकार* *👉जैन दर्शन में नवतत्त्व माने गये हैं – जीव, अजीव, पुण्य, पाप, आस्रव, संवर, निर्जरा, बन्ध, मोक्ष।* *🔅 अजीव तत्त्व* *✨अजीव के प्रकार* *♦️पुद्गलास्तिकाय* *⚡पुद्गल द्रव्य चार प्रकार का माना गया है -1. स्कन्ध, 2. देश, 3. प्रदेश, 4. परमाणु।* *〽️3. प्रदेश –* *👉 परमाणु जितने वस्तु के भाग को प्रदेश कहते हैं। प...

दर्शन यात्रा का आयोजन

आकुर्डी-निगडी-प्राधिकरण श्री.संघ द्वारा पुना संत दर्शन यात्रा का आयोजन! प्रथम चरण संत दर्शन यात्रा का महाराष्ट्र प्रवर्तिनी स्वर्गीय ज्ञानप्रभाजी महाराज साहब की सुशिष्याएं पुज्यनीय. पुष्पचुलाजी महाराज साहेब पुज्यनीय सुप्रियादर्शनाजी महाराज साहेब आदिठाणा 5 के दर्शन एवं मंगल आशिर्वाद लिये ! संघाध्यक्ष श्री पोपटलालजी ओस्तवाल द्वारा सुभाषजी ललवाणी को जन्मदिवस की बधाई देते हुये सन्मानीत किया गया! महासत...

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