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धर्म के मार्ग पर किसी को रुकावट नहीं बनना चाहिए: गौतममुनि

साहुकारपेट जैन भवन में विराजित उपप्रवर्तक गौतममुनि ने पर्यूषण पर्व के पांचवें दिन सोमवार को कहा धर्म के मार्ग पर किसी को रुकावट नहीं बनना चाहिए। भगवान कृष्ण ने ...

दान देने से आत्मा उज्ज्वल बनती है: वीरेन्द्र मुनि

कोयम्बत्तूर आर एस पुरम स्थित आराधना भवन में चातुर्मासिक प्रवचन की कड़ी में विमलशिष्य वीरेन्द्र मुनि ने जैन दिवाकर दरबार में धर्म सभा को संबोधित करते हुवे कहा कि ...

साधु को तो सावद्य योग का जीवनभर के लिए त्याग होता है: आचार्य महाश्रमण

माधवरम में जैन तेरापंथ नगर स्थित महाश्रमण सभागार में पर्यूषण पर्व के तीसरे दिन को सामायिक दिवस रूप में मनाया गया। इस मौके पर आचार्य महाश्रमण ने कहा साधु को तो स...

सज्जन पुरुषों का संग कीर्ति का मूल बोता है: मुनि संयमरत्न विजय

चैन्नई के साहुकारपेट स्थित श्री राजेन्द्र भवन में विराजित मुनि संयमरत्न विजय ने कहा  सज्जन पुरुषों का संग कीर्ति का मूल बोता है, पाप को नष्ट कर देता है, हर्ष उत...

स्वधर्मी वात्सल्य सम्यग् दर्शन का आचार है: कपिल मुनि

गोपालपुरम स्थित छाजेड़ भवन में विराजित कपिल मुनि ने स्वधर्मी वात्सल्य सम्यग् दर्शन का आचार है जिससे व्यक्ति का सम्यग् दर्शन परिपुष्ट होता है। अपनी स्वार्थपूर्ति...

गीता शिक्षा का महान खजाना दिया: साध्वी धर्मप्रभा

एमकेबी नगर जैन स्थानक में विराजित साध्वी धर्मप्रभा व स्नेहप्रभा के सान्निध्य में पर्यूषण पर्व का चौथा दिन प्रमोद दिवस के रूप में मनाया गया। इस मौके पर साध्वी धर...

रिश्तों में सबसे निस्वार्थ संबंध माता का: स्वाध्यायी प्रेमलताबाई

यहां विराजित स्वाध्यायी प्रेमलताबाई बम्ब ने कहा बालक का चारित्र श्रेष्ठतम बनाने का कार्य मां करती है। वह परमात्मा की साक्षात प्रतिमूर्ति है जिसके चरणों में तीनो...

मोबाइल नहीं मैनर्स देना जरूरी: साध्वी धर्मलता

ताम्बरम जैन स्थानक में विराजित साध्वी धर्मलता ने कहा गा। जैसी डाई होगी वैसा ही चित्र बनेगा। संतान को संस्कारित करने के लिए सुविधा नहीं संस्कार दीजिए। पैसा नहीं ...

जीवन को अध्यात्म से जोडऩे पर आनंद का अनुभव होता है: गौतममुनि

साहुकारपेट जैन भवन में विराजित उपप्रवर्तक गौतममुनि ने कहा जीवन को अध्यात्म से जोडऩे का लक्ष्य बनाने पर जो आनंद का अनुभव होता है। यह कहीं नहीं मिल सकता। समर्पण भ...

बिना मंजिल के रास्तों पर चलेंगे तो भटकते ही रह जाएंगे: प्रवीणऋषि

पुरुषवाक्कम स्थित एमकेएम में विराजित उपाध्याय प्रवर प्रवीणऋषि ने कहा बिना मंजिल के रास्तों पर चलेंगे तो भटकते ही रह जाएंगे। जिसे अपनी मंजिल नजर आए उसे परमात्मा ...

दुर्जन व्यक्ति का आनंद भीड़ को गुमराह करने में है सुधारने में नहीं: पुष्पदंत सागर

कोंडीतोप स्थित सुंदेशा मूथा भवन में विराजित आचार्य पुष्पदंत सागर ने कहा दुर्जन व्यक्ति का आनंद भीड़ को गुमराह करने में है सुधारने में नहीं, ताकि उसकी प्रतिष्ठा ...

चातुर्मासिक प्रवचन की कड़ी में विमलशिष्य वीरेन्द्र मुनि

कोयम्बत्तूर आर एस पुरम स्थित आराधना भवन में चातुर्मासिक प्रवचन की कड़ी में विमलशिष्य वीरेन्द्र मुनि ने जैन दिवाकर दरबार में धर्म सभा को संबोधित करते हुवे कहा कि ...

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