Author: saadhak

परमात्मा के नाम के बिना धन-दौलत का कोई अर्थ नहीं —भारत गौरव डॉ. वरुण मुनि जी महाराज

श्री गुजराती जैन संघ, गांधीनगर, बैंगलोर में चातुर्मास के अंतर्गत भारत गौरव डॉ. वरुण मुनि जी महाराज ने अपने आज के प्रेरणादायक प्रवचन में कहा कि —“धन-दौलत, पद-प्रतिष्ठा, और भौतिक सुख — ये सब तभी सार्थक हैं जब उनमें परमात्मा का नाम, भक्ति और सद्भाव जुड़ा हो। अन्यथा यह सब जीवन को केवल बाहरी चमक देता है, आंतरिक शांति नहीं।” मुनि श्री ने कहा कि संसार में मनुष्य धन अर्जित करने में तो निरंतर प्रयासरत है, ...

धर्म से ही जीवन में दिशा और दृष्टि मिलती है: डॉ. श्री वरुण मुनि जी महाराज

“धर्म रहित जीवन — दीप बिना ज्योति समान” चातुर्मास के पावन अवसर पर श्री गुजराती जैन संघ, गांधीनगर, बैंगलोर में विराजमान भारत गौरव डॉ. श्री वरुण मुनि जी महाराज ने आज के प्रभावशाली प्रवचन में धर्म के महत्व पर गहन प्रकाश डालते हुए कहा — “धर्म रहित जीवन ऐसा है जैसे दीप बिना ज्योति — न स्वयं प्रकाशित हो सकता है, न दूसरों को प्रकाश दे सकता है।”मुनि श्री ने समझाया कि जीवन में धर्म केवल एक अनुष्ठान नहीं, ब...

श्री जैन रत्न श्राविका मण्डल तमिलनाडु ने पच्चीस बोल पर ज्ञान कार्निवल पदर्शनी का आयोजन किया

चेन्नई : श्री जैन रत्न श्राविका मण्डल तमिलनाडु द्वारा पच्चीस बोल पर आधारित ज्ञान कार्निवल का आयोजन व्याख्यात्री महासतीजी श्री सुमतिप्रभाजी म.सा के चातुर्मास स्थल मुनियप्पा रोड किलपाक पर स्थित सामायिक स्वाध्याय भवन में किया गया | श्री जैन रत्न हितैषी श्रावक संघ तमिलनाडु के निवर्तमान कार्याध्यक्ष आर नरेन्द्रजी कांकरिया ने बताया कि जैन धर्म के पच्चीस बोल पर आधारित पदर्शनी में पच्चीस स्टाल लगाए गए | इ...

सिध्दा सिध्दी मम दिसंतु- आत्म कल्याण के लिए धर्म का सहारा आवश्यक ! -शासन सुर्या स्नेहाश्री

 आकुर्डी- निगडी- प्राधिकरण श्री संघ मे स्वर्णिम चातुर्मास गुरुमॉं उपर्रवरितिनी श्रमणी गौरव पु. चंद्रकला श्रीजी म.सा. प्रवचन विभु पु.स्नेहाश्रीजी म. सा. दिवाकर दिप्ती पु श्रुतप्रज्ञाश्री जी के सानिध्य मे समापन की ओर गतिमान है ! आज के अपने उद्बोधन में पु. स्नेहाश्री जी ने फर्माया आत्मकल्याण के लिए धर्म का सहारा जरुरी है ! आध्यात्म के और हमे आगे बढ़ना है! आज सौ मंगलाजी कांकरीया ने 10 उपवास के प्रत्या...

प्रेम — धर्म, जीवन और मुक्ति का सार: भारत गौरव डॉ. वरुण मुनि जी महाराज

चातुर्मास के पावन अवसर पर श्री गुजराती जैन संघ, गांधीनगर, बैंगलोर में विराजमान भारत गौरव डॉ. श्री वरुण मुनि जी महाराज ने आज के प्रवचन में कहा कि — “प्रेम ही जीवन का सच्चा अर्थ है। जहाँ प्रेम है, वहीं धर्म है; जहाँ धर्म है, वहीं शांति है; और जहाँ शांति है, वहीं मुक्ति का साक्षात्कार संभव है।”मुनि श्री ने अपने प्रेरणादायी प्रवचन में कहा कि आज मनुष्य ने भौतिक उन्नति के अनेक शिखर प्राप्त कर लिए हैं, प...

सत्संग, साधना करने से होती है मन की शुद्धि : श्री वरुण मुनि जी

श्री गुजराती जैन संघ गांधीनगर बंगलौर में चातुर्मास के लिए विराजमान दक्षिण सूर्य डॉ. श्री वरुण मुनि जी महाराज ने प्रवचन करते हुए कहा कि धर्म स्थानक का भाव है कि मन में ही धर्म का निवास हो। धन, विद्या, संपत्ति, रूप, पदवी — इन सबसे बढ़कर है – धर्म । उन्होंने कहा कि क्षमा और सत्य से ऊपर कोई धर्म नहीं। धर्मप्रेमी बहनों-भाइयों को जागरूक करते हुए उन्होंने कहा कि भवन को मात्र भोजनशाला नहीं बनाना चाह...

तेरापंथ धर्मस्थल में मना आचार्यश्री तुलसी का 112वां जन्मोत्सव

युगप्रधान आचार्य श्री महाश्रमणजी के प्रबुद्ध सुशिष्य मुनि श्री डॉ. ज्ञानेन्द्र कुमारजी, मुनि श्री रमेश कुमारजी, मुनि श्री पद्म कुमारजी एवं मुनि श्री रत्न कुमारजी के पावन सान्निध्य और श्री जैन श्वेताम्बर तेरापंथी सभा एवं अणुव्रत समिति, गुवाहाटी के तत्वावधान में सभी संघीय संस्थाओं के सहयोग से वृहस्पतिवार को प्रात: 9 बजे से स्थानीय तेरापंथ धर्मस्थल में गणाधिपति गुरुदेव श्री तुलसी का 112वां जन्मोत्सव ...

श्रमणी गौरव पु. चंद्रकलाश्रीजी म.सा. आदि ठाणा 3 का 1026 का चातुर्मास आदिनाथ जैन श्रावक संघ को प्रदान

उपप्रवर्तिनी श्रमणी गौरव पु. चंद्रकलाश्रीजी म.सा. आदि ठाणा 3 का 1026 का चातुर्मास आदिनाथ जैन श्रावक संघ को प्रदान! आजके भाईबीज के शुभ अवसरपर आदिनाथ श्री संघके अध्यक्ष अनिलजी नहार, 2026 के भावी अध्यक्ष श्री भारतजी चंगेडीया, विश्वस्त संजयजी साखला एवं विश्वस्त सुभाषजी मुथा आगामी चातुर्मास बिनंती हेतु आकुर्डी स्थानक भवन पधारे! आकुर्डी चातुर्मासार्थ विराजीत उपप्रवर्तिनी पु. चंद्रकलाश्रीजी म. सा.,प्रवचन...

प्रवचन शिखर पू. आचार्य श्री विजय महाबोधिसुरीजी महाराज आकुर्डी स्थानक भवन पधारे

विहार सेवा स्वंस्थापक प्रवचन शिखर पू. आचार्य श्री विजय महाबोधिसुरीजी महाराज आज भाईदुज के सुअवसर पर उपप्रवर्तिनी गुरुमॉं पु. चंद्रकलाश्रीजी म. सा. शासन सुर्या पु. स्नेहाश्री जी म.सा., मधुर कंठी पु. श्रुतप्रज्ञा श्री जी एवं आकुर्डी निगडी प्राधिकरण श्री संघ परिवार को शुभकामनाएँ एवं मंगलमय आशिर्वाद देने हेतु आकुर्डी स्थानक भवन पधारे! चतुर्विध संघ का आध्यत्मिक मिलन इस पावन अवसर पर हुआ! आचार्य श्री जीने...

अहिंसा और समता का मार्ग ही भाई दूज का सच्चा संदेश”— भारत गौरव डॉ. वरुण मुनि जी महाराज

श्री गुजराती जैन संघ, गांधीनगर में चातुर्मास हेतु विराजमान भारत गौरव डॉ. वरुण मुनि जी महाराज ने भाई दूज के पावन अवसर पर आयोजित विशेष धर्मसभा में अपने ओजस्वी प्रवचन में कहा कि —“भाई दूज केवल भाई-बहन के स्नेह का पर्व नहीं, बल्कि यह अहिंसा, समता और सार्वभौमिक कल्याण की भावना का प्रतीक है।”मुनि श्री ने विस्तार से समझाया कि जिस प्रकार बहन अपने भाई के दीर्घायु, सुख-समृद्धि और मंगल की कामना करती है, उसी ...

दीपावली, नव वीर निर्वाण संवत् पर चमत्कारी प्राचीन स्तोत्र एवं मंत्र सहित वृहद् मंगल पाठ का भव्यतम आयोजन

मुनिश्री डॉ. ज्ञानेंद्र कुमार जी, मुनिश्री रमेश कुमार जी, मुनिश्री पद्म कुमार जी, मुनिश्री रत्न कुमार जी के पावन सान्निध्य में नव वर्ष महा मंगल पाठ का विशेष कार्यक्रम तेरापंथ धर्म स्थल में भव्यता के साथ संपन्न। सर्व प्रथम भक्तामर स्तोत्र एवं महावीर अष्टकम् का पाठ श्रद्धा एवं भक्ति के साथ सभी ने एक स्वर से किया।विविध मंत्रों के पाठ से उपासना कक्ष गुंजायमान हो उठा। उपस्थित सम्पूर्ण श्रावक समाज तन्मय...

गोवर्धन पूजा का सच्चा अर्थ — सेवा, संरक्षण और संतुलन”: भारत गौरव डॉ. वरुण मुनि जी

सौभाग्य जगाने वाले हैं – श्री गौतम स्वामी जी श्री गुजराती जैन संघ, गांधीनगर में चातुर्मास के अवसर पर विराजित भारत गौरव डॉ. श्री वरुण मुनि जी महाराज के सान्निध्य में आज गौतम प्रतिपदा एवं गोवर्धन पूजा के पावन अवसर पर एक भव्य धर्मसभा का आयोजन किया गया।  इसके उपरांत भारत गौरव डॉ. श्री वरुण मुनि जी महाराज ने अपने ओजस्वी प्रवचन में कहा कि —“गोवर्धन पूजा हमें यह संदेश देती है कि सच्चा धर्म प्रकृति,...

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