Share This Post

Featured News / Featured Slider / Khabar

संत मिलन उल्लास का प्रतीक – मुनि रश्मि कुमार

संत मिलन उल्लास का प्रतीक – मुनि रश्मि कुमार

मिलन का प्रसंग आल्हादकारी हैं – मुनि दीपकुमार

Sagevaani.com /तिरुपुर: तमिलनाडु तिरुपुर में रविवार को मनोहरकारी प्रसंग घटित हुआ, मुनिश्री रश्मिकुमारजी ठाणा– 2 और मुनिश्री दीपकुमारजी ठाणा– 2 का आध्यात्मिक मिलन देखकर। चारों तरफ संत मिलन का नजारा देखकर हर्षोल्लास छाया हुआ था। जनता इस मिलन को देखकर भाव विभोर दिखाई दे रही थी। मिलन के बाद संतों का भव्य रैली के साथ तेरापंथ भवन में पधारना हुआ, जहां पर आध्यात्मिक मिलन समारोह का आयोजन तेरापंथ सभा– तिरुपुर द्वारा आयोजित किया गया।

 मुनि श्री रश्मिकुमार ने कहा कि संत मिलन उल्लास का प्रतीक है। मुनि श्री दीपकुमारजी से बर्हिविहार में प्रथम बार मिलना हुआ है। इन्होंने शासन गौरव मुनि श्री राकेशकुमारजी स्वामी की बहुत सेवा की। जो बड़ों की सेवा करता है, उसे कभी पीछे मुड़कर नहीं देखना पड़ता। मुनिश्री सेवाभावी और व्याख्यानी संत हैं । मुनी काव्यकुमारजी भी सेवा भावना का विकास करे। मुनि प्रियांशु की सेवा से मैं निश्चिंत बना हुआ हूं।

 मुनिश्री दीपकुमार ने कहा कि हम सौभाग्यशाली हैं जो तेरापंथ धर्मसंघ जैसा शासन पाया है और आचार्य श्री महाश्रमणजी जैसे गुरु का साया प्राप्त है। यह संत मिलन का प्रसंग आल्हादकारी है। मुनि श्री रश्मिकुमारजी ने शासन श्री मुनि श्री धर्मचंदजी की छाया बनकर सेवा की, वर्षों तक उनके सानिध्य में रहे। मुनिश्री अच्छा श्रम कर रहे हैं। मुनी प्रियांशु को छोटे से बच्चे के रूप में देखा था, आज बड़े रूप में देख रहे हैं, विकास करते रहें। मुनि काव्य मेरे सहवर्ती हैं, अच्छा विकास किया और विकास करें। मेरे परम सहयोगी बने हुए हैं।

मुनि प्रियांशुकुमार और मुनि काव्यकुमार ने भी भावाभिव्यक्ति दी।

कार्यक्रम में तेरापंथ महिला मंडल तिरुपुर ने मंगलाचरण किया। स्वागत भाषण तेरापंथी सभा तिरुपुर अध्यक्ष अनिल आंचलिया ने दिया। इरोड सभा अध्यक्ष सुरेंद्र भंडारी, कोयंबटूर सभा अध्यक्ष देवीचंद मांडोत, मदुरै से अशोक जीरावला, तेरापंथ महिला मण्डल अध्यक्षा तिरूपुर ऋषभ आंचलिया, मुनि श्री प्रियांशुकुमार के ज्ञातिजन आदि लोगों ने भाषण और गीत के माध्यम से मुनिजनों का स्वागत किया। कार्यक्रम में उपस्थित बहुत अच्छी रही।

 समाचार सम्प्रेषक : स्वरूप चन्द दाँती

Share This Post

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may use these HTML tags and attributes: <a href="" title=""> <abbr title=""> <acronym title=""> <b> <blockquote cite=""> <cite> <code> <del datetime=""> <em> <i> <q cite=""> <s> <strike> <strong>

Skip to toolbar