सात्विक और नमक रहित आहार से बनता सम्यक् स्वास्थ्य
चेन्नई: तेरापंथ ट्रस्ट, ट्रिप्लीकेन के प्रायोज्यकत्व में मद्रास विश्वविद्यालय में प्रतिवर्ष “आचार्य श्री तुलसी मेमोरियल एंडोमेंट लेक्चर” जैनोलॉजी विभाग द्वारा विश्वविद्यालय के प्रवचन कक्ष में समायोजित किया जाता है। युगप्रधान आचार्य श्री महाश्रमणजी के वर्ष 2018 में चेन्नई समागमन पर इस व्याख्यान माला में पूज्य प्रवर ने विशिष्ट अतिथि के तौर पर “आचार्य महाप्रज्ञ जीवन और दर्शन” पर अपना अभिभाषण फरमाया था।
आज की व्याख्यानमाला के इस क्रम में विख्यात नेचुरोपैथी दक्ष श्रीमती कौशल्या ने मुख्य अतिथि के रूप में “सात्विक और नमक रहित आहार से बनता सम्यक् स्वास्थ्य”
(Philosophy of Mono Diet and Saltless diet for Holistic Health) विषय पर सुधि श्रोताओं को विस्तार से जानकारी प्रदान करवायी। जैनोलॉजी विभाग की विभागाध्यक्ष श्रीमती प्रियदर्शना ने आगंतुक श्रोताओं एवं जूम से जुड़े महानुभावों का स्वागत अभिवादन किया।
सत्र में जैन विश्व भारती के अध्यक्ष श्री अमरचंद लूंकड़, तेरापंथ ट्रस्ट ट्रिप्लीकेन के प्रबंधक न्यासी श्री सुरेशकुमार संचेती, श्री भेरूलाल सकलेचा आदि की भी संभागिता सोद्देश्य रही। समस्या समाधान में ऑनलाइन श्रोताओं ने भी अपनी जिज्ञासाओं का समाधान प्राप्त किया। गौतम सेठिया ने आभार ज्ञापित किया।
समाचार सम्प्रेषक : स्वरूप चन्द दाँती